इन दिनों में कश्मीरी लाल जी उड़ीसा प्रांत के दौरे पर हैं,छत्तीसगढ़ के बाद! वहां पर प्रांतीय विचार वर्ग चल रहा है!और दिल्ली में विभागशा बैठकें रोजगार व स्वदेशी विषय पर हो ही रही हैं..जय हो
परसों ही विश्व बैंक में भारत के आर्थिक मामलों के सचिव सुभाष गर्ग ने भारत का आकलन प्रस्तुत किया है! “हम 2025 तक 5 ट्रिलियन डॉलर की इकॉनमी बनने जा रहे हैं” इसका स्पष्ट अर्थ हुआ कि भारत, अमेरिका और चीन के बाद दुनिया की तीसरी बड़ी आर्थिक महाशक्ति बन जाएगा!यहां तक कि जापान भी उस समय 4.9 ट्रिलियन डॉलर के साथ चौथे नंबर पर रह जाएगा!
संयोग है कि 2025 में ही भारत के सबसे बड़े राष्ट्रवादी संगठन राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की स्थापना के सौ वर्ष पूर्ण हो रहे हैं!क्या डॉक्टर हेडगेवार का कथन ‘याची देही याची डोला’अपनी आंखों से ही अपने देश का परम वैभव देखें..यह सच होने जा रहा है?
राष्ट्रऋषि दतोपंत ठेंगडी का भारत को आर्थिक महाशक्ति बनाने का सपना साकार होने जा रहा है?
भारत तेजी के साथ ना केवल आर्थिक परिदृश्य पर बल्कि विश्व राजनीति के पटल पर भी अपनी धाक जमा रहा है! आज अमेरिका,चीन और भारत इन 3 के ही दुनिया की राजनीति में सर्वाधिक चर्चा होती है!
बचपन में गीत गाते थे…
“हिंदू भूमि की हम संतान,नित्य करेंगे इसका गान
विश्व गगन पर लहराएंगे,भगवा अमर निशान..2
** एक दूसरा समाचार! कल इंडियन एक्सप्रेस में सुरजीत भल्ला जो भारत के बड़े आर्थिक विशेषज्ञ माने जाते हैं ने अपना एक शोध लेख छापा है।उसके अनुसार गत वर्ष संगठित और असंगठित क्षेत्र मिलाकर कुल 1करोड़ 50 लाख रोजगार के अवसर पैदा हुए हैं!इसकी जांच होनी चाहिए!
यदि यह सत्य है तो निश्चित रूप से यह मोदी सरकार की बहुत बड़ी उपलब्धि होगी!