शाखा के बाद कश्मीरी लाल जी, एक बच्चे से बात करते हुए
कल, मैंने गत 15 दिन का भारत में कोरोना महामारी का ट्रैक रिकॉर्ड देखा। देखने के बाद कुछ बातें ध्यान में आई। जैसे गत 15 दिन का रिकवरी रेट 104% है और इसके कारण से कुल रिकवरी रेट 84.31% हो गया है। एक्टिव मरीज 15 दिन पहले 10,17,830 थे आज 9,30,427 रह गए हैं।
मृत्यु दर जो पहले कभी 2.3% थी अब घटकर 1.54% रह गई है। 15 दिन पहले प्रतिदिन लगभग 95000 नए मरीज आते थे अभी 75000 (average) आ रहे है। प्रति व्यक्ति प्रसार की दर 1.9 से घटकर 0.92 आ गई है। अधिकांश बड़े प्रांतों में रिकवरी रेट, नए आने वाले मरीजों से ज्यादा है।
इस सारे से निष्कर्ष निकलता है की जब तक राम फिर से अयोध्या लौटेंगे (दिवाली 14 नवंबर को है) तो तब तक भारत का रिकवरी रेट 95% के लगभग होगा और इसी तरह रहा तो भारत में एक्टिव मरीज दो लाख से भी कम रह जाएंगे। याने कोरोना पर लगभग विजय हो जाएगी।
जनवरी आते-आते तो ऐसी स्थिति होने की पूरी संभावना है कि किसी को वैक्सीन की जरूरत ही नहीं पड़ेगी और बहुराष्ट्रीय कंपनियां जो वैक्सीन महंगे रेट पर लाने की तैयारी में है, इन्हें बस केवल सुपर रिच भारतीय ही खरीदेंगे। आम भारतीय को इसकी जरूरत ही नहीं रह जाएगी।
राम जी अयोध्या वापस आते ही यह संदेश देने वाले हैं कि “चलो अब पूरी तेजी से काम करो! सबके रोजगार व अर्थव्यवस्था की चिंता करो, कोरोना अब खात्मे की तरफ है! मंदिर निर्माण और रामराज्य निर्माण दोनों कामों में जमकर तेज़ी लाओ!”
2 दिन पूर्व हम रात को रोहिणी, दिल्ली में रुके। सवेरे शाखा के बाद देखा तो पार्क में भरपूर रौनक थी। दिल्ली में पार्क हो या सड़के, भरे रहते हैं, आजकल।
~सतीश कुमार