१.संघर्ष वाहिनी जयपुर की बैठक में कुछ सुचनाएं देते हुए २.मंच पर अरूण ओझाजी, कश्मीरी लाल जी, अन्नदा व अन्य!३.व ४.स्वदेशी मेले लुधियाना(पंजाब)की तैयारी बैठक!
स्वदेशी का कार्य कैसा विविधता भरा है,कि इधर 11-12 अगस्त को जयपुर में स्वदेशी जागरण मंच की संघर्ष वाहिनी की दो दिवसीय बैठक जयपुर में सम्पन्न हुई तो 13 अगस्त याने कल पंजाब के लुधियाना में स्वदेशी मेले की तैयारी बैठक में आना हुआ!
स्वदेशी जागरण मंच का कार्य 22 नवंबर 1991 को श्रद्धेय दत्तोपंत ठेंगडी ने शुरू किया तो गत 26-27 वर्षों में विश्व व्यापार संघ(WTO)व एनरान संघर्ष से लेकर गत वर्ष हुए चायनीज़ बहिष्कार के आंदोलन तक मंच ने संघर्ष से लेकर रचनात्मक लघु धन वितरण व स्वदेशी मेलों के आयोजन तक विभिन्न प्रकारों से विराट स्वदेशी भाव जागरण के कार्यक्रम लिए हैं!
आओ, भारत की समृद्धि,रोजगार में वृद्धि तथा देशभक्तिभावों की निर्मिति के लिए स्वदेशी अभियान को आगे बढाऐं!
मेरा हो मन स्वदेशी, मेरा हो तन स्वदेशी
मर जाऊं तो भी मेरा,हो कफन भी स्वदेशी
**रेलवे में VIP कल्चर जारी…
मैं आज लुधियाना रेल्वे स्टेशन पर कुरूक्षेत्र जाने के लिए खड़ा था! पश्चिम एक्सप्रेस समय पर ही आ रही थी! पर यह क्या?
उससे पहले की गाड़ी प्लेटफार्म छोड़ते छोड़ते रूक गई! और क्योंकि पटरी,प्लेटफार्म पूरी तरह खाली नहीं,इसलिए पश्चिम एक्स:को बाहर ही खड़ा कर दिया गया! सवारियां परेशान होने लगीं!20 मिन्ट लग गए!
तभी वहां से एक महिला अफसर निकली, वह पहले वाली ट्रेन में बैठी,गाड़ी चली! तभी हमारी ट्रेन को(28 मिन्ट देरी से) प्लेटफार्म पर लाया गया!
उस भद्र महिला के साथ 5-6 टीटी, व स्टेशन मास्टर को जाते देख सवारियां अनुमान लगाने लगीं कि वह कोई रेलवे की बड़ी अफसर या अफसर की पत्नी रही होगी!
हे भगवान या रेल्वे मंत्री जी..रेलवे से यह VIP कल्चर कब खत्म करोगे कि सवारियों की परेशानी खत्म हो?