मेले में कश्मीरीलाल जी, कमलजीतजी, व अन्य! और दिल्ली कालेज विद्यार्थियों को संबोधित करते वरिष्ठ प्रचारक रंगाहरि जी, IGNOU के VC प्रोःनागेश्वर राव,व गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय के VC प्रो:भगवती जी…सामने श्रोतागण
आज दिल्ली के द्वारिका में स्वदेशी मेले की शुरूआत हुई! जो आज महिला उद्यमिता पर गोष्ठी से प्रारंभ हुआ! उसका पहला अनुभव मधुराज बहन ने सुनाया!
उसने बताया “मेरा बच्चा जब थोड़ा बड़ा हुआ तो मेरे ध्यान में आया कि मुझे कुछ कमाई अब करनी होंगी! घर के ख़र्चे अधिक हो रहे हैं!तो क्या करूं? मेरे पास पैसा या कोई बड़ी नौकरी के लायक डिग्रियां तो थीं नहीं!”
“ मैने बहुत दिमाग लगाया,और एक काम सोचा!पुराने कपड़ों से नए बैग,सिरहाने अथवा अन्य चीज़ें बनाना शुरू किया! केवल 700 रूपये से! घर की ही मशीन काम में ली और उससे बैग,थैले,टीवी कवर आदि बनाकर बाज़ार में बेचना शुरू किया!”
“धीरे धीरे कुछ कमाई होने लगी! पर मुझको मेहनत बहुत करनी पड़ती!अब तो उसने 5 औरतों को भी अपने साथ काम में मिला लिया है!और वर्ष भर कोई 5, लाख तक का काम कर रही है!”
वहां उसी ने बोला “पैसों से नहीं,बैंक के लोन से नहीं,बल्की नई सोच,मेहनत व हिम्मत करने से नया स्टार्टअप सफल हो पाता है!
एक दूसरा अनुभव अध्यापिका रितुराज ने सुनाया उसने बताया “उसे शूगर व ब्लड प्रेशर हो गया तो डॉक्टर ने नियमित रूप से सैर करने के लिए कहा इससे मुझे शाम की ट्यूशन छोड़नी पड़ी! किंतु मैने दिमाग़ लगाया! जिस पार्क में मैं सैर करने जाती थी,वहाँ पर बच्चों कहानियाँ सुनाना शुरू किया!”
बच्चे रुचि लेकर चलते चलते कहानी भी सुनते हैं,कुछ खेल भी मैं खिलाती थी!” “फिर मैने सौ रुपया प्रति बच्चे,मासिक कहानी सुनाने की फ़ीस रख दी और अब 20 बच्चों 2000 रुपये मासिक की कमाई भी है!” वह पॉश कालोनी है,बच्चे भी ख़ुश और मेरा भी काम चल गया!” और अब तो मैं Motivational speaker भी बन गई हूं! मैने अपनी बिमारी को ही कमाई का साधन बना लिया!”
आज दिल्ली के अंबेडकर इंटरनेशनल सेंटर में रंगाहरिजी का व भगवती जी का बहूत ही ओजस्वी मार्गदर्शन हुआ! संघ के दिल्ली प्रांत के कॉलेज-विद्यार्थियों में ये कार्यक्रम हुआ! ….जय हो!