Image may contain: 3 people, people smiling

Image may contain: 1 person

अनीशा परिवार के साथ, व संपर्क अभियान में अम्बाला में कश्मीरी लाल जी

अनिशा अग्रवाल अजमेर के जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज में फ़ाइनल ईयर की पढ़ाई कर रही है।
साल 2014 में जब अनिशा कोटा के ऐलन करियर इंस्टिट्यूट में 12वीं के साथ AIPMT की तैयारी कर रही थी तो अचानक तबियत ख़राब रहने लगी।
जाँच के दौरान ट्यूमर का पता चला। कोटा से जाँच करवाने के बाद उदयपुर से भी जाँच करवाई तो उसमें भी ट्यूमर की बात सही पायी गयी। अनिशा ने उदयपुर में ही ऑपरेशन करवाया तो डेढ़ किलो का ट्यूमर निकाला। बायोप्सी जाँच में थर्ड स्टेज ट्यूमर कैंसर का होना पाया गया,जिससे पूरा परिवार सकते में आ गया।
बेहतर जाँच व उपचार के लिए परिजन अनिशा को अहमदाबाद ले गये। वहाँ आइसोटाॅप से पेट स्कैन किया तो पता चला की शरीर में अभी भी कैंसर की कोशिकाएँ मौजूद हैं। इसके उपचार कि लिए एक के बाद एक 4 कीमोथैरेपी दी गयी।
उपचार के बाद सब सामान्य हो गया हो तो अनिशा ने कोटा वापिस आकर फिर से पढ़ाई शुरू की लेकिन पहले जहाँ 96% अंक आते थे, लेकिन अब 40 से 50 प्रतिशत अंक ही आने लगे।
अनीशा ने पूरा ध्यान पढ़ाई में लगाया और तीन महीने में खुद को परीक्षा के लिए तैयार किया। इसके बाद अनीशा ने ठान लिया कि उनको AIPMT क्रेक करनी है और अखिरकार उसमें सफलता हासिल की।
अब फ़ाइनल ईयर की पढ़ाई पूरी करने के बाद अनिशा कैंसर पर ही रिसर्च करेगी।